जशपुर:- पत्थलगांव थाना क्षेत्र के ग्राम पाकरगांव में आज सुबह बिजली पोल शिफ्टिंग के दौरान बड़ा हादसा हो गया. गुडलक पेट्रोल पंप के सामने पुराने पोल की जगह नया लोहे का पोल खड़ा करते समय खंभा ऊपर से गुजर रही 11 केवी हाईटेंशन लाइन से टकराया. लाइन के संपर्क में आते ही पूरे पोल में करंट प्रवाहित हो गया और वहां काम कर रहे 7 मजदूर इसकी चपेट में आ गए.हादसे में काम कर रहे मजदूर आलेख भगत और टामन ध्रुव की मौत हो गई, जबकि 2 मजदूर गंभीर रूप से झुलस गए है. कंटर की चपेट में आए 3 अन्य मजदूरों की स्थिति सामान्य बताई जा रही है. डॉक्टर सभी घायलों की हालत पर नजर बनाए हुए हैं.
करंट की चपेट में आने से 2 मजदूरों की मौत
शुरुआती जानकारी के अनुसार पाकरगांव में पुराने बिजली पोल को हटाकर उसकी जगह नए लोहे के पोल लगाने का काम चल रहा था. आज सुबह करीब 11 बजे गुडलक पेट्रोल पंप के सामने ट्रैक्टर की मदद से लोहे के पोल को खड़ा किया जा रहा था. मजदूर पोल को सीधा करने में लगे थे. इसी दौरान पोल ऊपर से गुजर रही 11 केवी बिजली लाइन के संपर्क में आ गया और पोल में करंट फैल गया.
ट्रैक्टर की मदद से खड़ा किया जा रहा था पोल
पोल के हाईटेंशन लाइन के संपर्क में आते ही करंट दौड़ गया और उसे पकड़कर काम कर रहे मजदूर इसकी चपेट में आ गए. अचानक हुए हादसे से मौके पर भगदड़ की स्थिति बन गई. आसपास मौजूद लोगों ने तत्काल पुलिस, डायल-112 और 108 एंबुलेंस को हादसे की सूचना दी. स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से घायलों को तत्काल पत्थलगांव सिविल अस्पताल पहुंचाया गया.
हादसे में आलेख भगत और टामन ध्रुव की मौत
हादसे में आलेख भगत और टामन ध्रुव की मौत हो गई. दोनों मजदूर पोल शिफ्टिंग के काम में लगे हुए थे. करंट की चपेट में आने से दोनों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया. वहीं, मजदूर त्रिभुवन ध्रुव और लोचन मांझी गंभीर रूप से झुलस गए हैं, जिनका इलाज सिविल अस्पताल पत्थलगांव में जारी है. हादसे में 3 अन्य मजदूर भी करंट की चपेट में आए हैं, लेकिन उनकी हालत सामान्य कही जा रही है.
बिजली बंद और परमिट को लेकर आमने-सामने दावे
हादसे के बाद बिजली लाइन बंद होने और पोल लगाने के लिए परमिट लिए जाने को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं. घायल मजदूरों का कहना है कि मौके पर मौजूद लाइनमैन की ओर से उन्हें बताया गया था कि परमिट लिया जा चुका है और बिजली बंद है. इस जानकारी के आधार पर मजदूर पोल को खड़ा करने के काम में जुटे हुए थे. दूसरी ओर पत्थलगांव के सहायक अभियंता केके देशमुख ने बताया कि परमिट के लिए विभाग को किसी प्रकार की सूचना नहीं दी गई थी.

