रायपुर:- छत्तीसगढ़ के 26वें स्थापना दिवस पर रायपुर का आकाश भारतीय वायु सेना के हवाई करतब का साक्षी बना. रायपुर की सेंध झील पर एक शानदार कार्यक्रम का आयोजन किया गया था. इसमें सेना की स्काईडाइविंग टीम और सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम ने हिस्सा लिया. इस कार्यक्रम को देखने के लिए हजारों लोग जुटे, जिसमें राज्य के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय भी शामिल हुए.
आकाश गंगा और सारंग टीम का हवाई करतब
इसके जरिए आम जनता को वायु सेना के साहस और पराक्रम को करीब से देखने का मौका मिला. आकाश गंगा स्काईडाइविंग टीम के सदस्यों ने पैराशूट की मदद से लगभग 8,000 फीट की ऊंचाई से छलांग लगाई. वहीं, स्वदेशी ‘ध्रुव’ हेलीकॉप्टरों से लैस सारंग टीम ने हवा में अपने बेहतरीन करतबों से दर्शकों का मन मोह लिया.
भारतीय वायु सेना के गरुड़ कमांडो का करतब
एयर शो के दौरान, भारतीय वायु सेना के ‘गरुड़’ कमांडो Mi-17 हेलीकॉप्टर से रस्सियों के सहारे नीचे उतरे. इस तकनीक का इस्तेमाल बाढ़ या अन्य प्राकृतिक आपदाओं में फंसे लोगों को बचाने के लिए किया जाता है. इसके साथ ही, दुर्गम पहाड़ी इलाकों में फंसे लोगों तक राहत सामग्री पहुंचाने के लिए भी इसी तरीके का उपयोग होता है. सारंग टीम के पांच हेलीकॉप्टरों ने आसमान में कई जटिल आकृतियां बनाईं, जिनमें ‘डायमंड हार्ट’, ‘डॉल्फिन’ और भारतीय तिरंगे का आकार शामिल था. इस अद्भुत नज़ारे को देखने के लिए हजारों दर्शक पहुंचे थे. छत्तीसगढ़ में सारंग टीम का स्वदेशी ध्रुव हेलीकॉप्टरों के साथ यह पहला प्रदर्शन था. सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कार्यक्रम स्थल पर लगभग 800 पुलिसकर्मी और अधिकारी तैनात किए गए थे.
एमआई 17 हेलीकॉप्टर का प्रदर्शन
एमआई-17 हेलीकॉप्टर ने सैनिकों की त्वरित तैनाती और सटीक उड़ान संचालन का प्रभावशाली प्रदर्शन किया. तेज गति से प्रदर्शन क्षेत्र में प्रवेश और लैंडिंग क्षेत्र का आकलन करने के बाद हेलीकॉप्टर ने उतरकर गरुड़ कमांडो को तैनात किया. एक काल्पनिक परिचालन परिस्थिति में इन कमांडो ने जमीन पर पहले से मौजूद दल को सुदृढ़ किया. इसके बाद हेलीकॉप्टर ने दोबारा उड़ान भरकर नियंत्रित पार्श्व गति, एक ही स्थान पर घूमकर दिशा परिवर्तन और अन्य गतिशील हवाई युद्धाभ्यास प्रदर्शित किए. इस क्रम ने हेलीकॉप्टर की चपलता, त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता और चालक दल के उत्कृष्ट समन्वय को दर्शाया. प्रदर्शन ने वायु एवं जमीनी दलों के तालमेल के साथ सैनिक परिवहन, परिचालन सहायता, घायलों की निकासी, खोज और बचाव के साथ ही मानवीय सहायता में एमआई-17 की बहुमुखी भूमिका को भी रेखांकित किया.
सीएम साय ने भी देखा हवाई करतब
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि “आज छत्तीसगढ़ प्रदेश के निर्माण को 26 वर्ष पूरे हो रहे हैं. आज 1 नवंबर है. स्थापना दिवस है. समस्त छत्तीसगढ़वासियों को स्थापना दिवस की बहुत-बहुत बधाई और बहुत-बहुत शुभकामनाएं. छत्तीसगढ़ के निर्माता अटल बिहारी वाजपेयी जी ने छत्तीसगढ़ का निर्माण किया था. उनको पूरी छत्तीसगढ़ की जनता की तरफ से नमन करते हैं. उनका धन्यवाद करते हैं. उन्होंने छत्तीसगढ़ राज्य का निर्माण करके दिया है. हम लोग तीन दिनों के राज्य उत्सव का आयोजन किए हैं. आज पहला दिन है. आज राज्य उत्सव का शुभारंभ भारत सरकार के केंद्रीय मंत्री मनसुख मांडविया करेंगे. राज्य उत्सव का समापन देश के गृह मंत्री अमित शाह करेंगे.
भारतीय वायु सेना को नमन
आज हम भारतीय वायु सेना के सारंग हेलीकॉप्टर टीम को धन्यवाद देना चाहेंगे. जिन्होंने आज यहां पर रिहर्सल के तौर पर अद्भुत करतब का प्रदर्शन किया. हम सभी पायलटों को बहुत-बहुत धन्यवाद करते हैं. नमन करते हैं. छत्तीसगढ़ में उनका स्वागत करते हैं.

