दुर्ग :- मोहन नगर थाना क्षेत्र के आर्य नगर में एक ही परिवार के चार सदस्यों की मौत के मामले में पुलिस जांच पूरी होने के बाद चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। जांच में सामने आया है कि माता-पिता ने पहले अपने दो मासूम बच्चों का गला दबाकर हत्या की और इसके बाद अलग-अलग कमरों में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।
22 मई को मिला था चारों का शव
मोहन नगर थाना प्रभारी केशव कोसले के मुताबिक, 22 मई को आर्य नगर स्थित एक मकान से गोविंद कुंवर साहू, उनकी पत्नी चंचल साहू, 13 वर्षीय बेटी दृष्णा साहू और 11 वर्षीय बेटे यशांक साहू के शव बरामद किए गए थे। घटना के बाद पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की विस्तृत जांच शुरू की थी।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट से खुला राज
जांच के दौरान घटनास्थल के साक्ष्य, परिजनों के बयान, पंचनामा और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का गहन परीक्षण किया गया। रिपोर्ट में स्पष्ट हुआ कि दोनों बच्चों की मौत गला दबाने से दम घुटने के कारण हुई थी, जबकि माता-पिता की मृत्यु फांसी लगाने से हुई थी।
पहले बच्चों की हत्या, फिर आत्महत्या
पुलिस जांच में यह तथ्य भी सामने आया कि दम्पती ने आपसी सहमति से पहले दोनों बच्चों की हत्या की और उसके बाद खुदकुशी कर ली। जांच के मुताबिक घटना वाली रात परिवार के सभी सदस्यों ने साथ बैठकर भोजन किया था। अगले दिन सुबह काफी देर तक कमरे नहीं खुलने पर परिजनों ने दरवाजा खोला, जहां चारों मृत अवस्था में मिले।
मृत दम्पती के खिलाफ हत्या का अपराध दर्ज
पुलिस ने उपलब्ध साक्ष्यों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर मृतक गोविंद कुंवर साहू और चंचल साहू के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 103(1) और 3(5) के तहत हत्या का अपराध दर्ज किया है। हालांकि दोनों आरोपियों की मृत्यु हो चुकी है, इसलिए मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया नियमानुसार पूरी की जा रही है।
पूरे इलाके में बनी रही चर्चा
एक ही परिवार के चार सदस्यों की मौत की इस घटना ने पूरे क्षेत्र को झकझोर दिया था। घटना के बाद तरह-तरह की चर्चाएं चल रही थीं। अब पुलिस जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद पूरे घटनाक्रम की तस्वीर साफ हो गई है।
पुलिस का बयान
मोहन नगर टीआई केशव कोसले ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट, घटनास्थल से मिले साक्ष्यों और परिजनों के बयानों के आधार पर जांच पूरी की गई है। जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि बच्चों की हत्या गला दबाकर की गई थी, जबकि माता-पिता ने फांसी लगाकर आत्महत्या की थी। मामले में विधिसम्मत कार्रवाई की जा रही है।

