जांजगीर चांपा:- जिला अस्पताल में इलाज के दौरान एक महिला मरीज की मौत के बाद जमकर हंगामा हुआ. मृतक महिला के परिजनों ने बताया कि महिला की नॉर्मल डिलीवरी हुई थी. परिजनों ने डिलीवरी के बाद उसे चाय और बिस्किट भी खाने को दिया था. परिजनों की मानें तो सबकुछ ठीक था लेकिन 25 तारीख को महिला की तबीयत अचानक से बिगड़ने लगी. महिला ने अपने परिजनों को बताया कि उसके पेट में असहनीय दर्द हो रहा है.
24 को डिलीवरी और 27 को मौत
महिला के परिजनों ने तत्काल इस बात की जानकारी ड्यूटी पर तैनात नर्स को दी, उससे कहा कि वो तत्काल डॉक्टर को महिला की तबीयत बिगड़ने की जानकारी दें. ड्यूटी नर्स ने तत्काल महिला को डॉक्टर की सलाह के बाद आईसीयू में शिफ्ट कर दिया. परिजनों का कहना है कि महिला की तबीयत सुधरने के बजाए बिगड़ती ही जा रही थी. जिसके बाद डॉक्टर की सलाह पर नर्स ने महिला को एक इंजेक्शन लगाया. परिजनों का आरोप है कि इंजेक्शन लगाने के बाद से ही सरिता गंधर्व की तबीयत और ज्यादा बिगड़ गई.
परिजनों का आरोप है कि 27 तारीख को उनको अस्पताल के द्वारा बताया गया कि उनके मरीज की मौत हो चुकी है. परिजनों ने बताया कि जब उनको शव सौंपने की बात कही गई तो उन्होने शव लेने से इंकार कर दिया. उनका कहना था कि महिला मरीज की मौत लापरवाही से हुई है. इसकी जांच होनी चाहिए और जो भी दोषी है उसपर कार्रवाई की जानी चाहिए. परिजनों के प्रदर्शन और आक्रोश को देखते हुए अस्पताल प्रबंधन ने मामले की जानकारी कोतवाली पुलिस को दी. जिसके बाद कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची. नाराज परिजन शव को अस्पताल के सामने रखकर प्रदर्शन करते रहे. पुलिस उनको लगातार समझाने की कोशिस में जुटी रही.
परिजनों ने लगाया गलत इंजेक्शन देने का आरोप
पुलिस ने परिजनों से कहा कि वो हंगामा नहीं करें और पोस्टमार्टम की प्रक्रिया को होने दें. पीएम रिपोर्ट आने के बाद साफ हो जाएगा की महिला की मौत की असली वजह क्या थी. अस्पताल प्रबंधन की ओर से भी यही कहा गया कि पीएम रिपोर्ट से दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा. अगर किसी तरह की लापरवाही बरती गई होगी तो निश्चित तौर पर कार्रवाई की जाएगी.
तहसीलदार की मौजूदगी में हुआ पोस्टमार्टम
मृतक मरीज के परिजनों के भारी आक्रोश को देखते हुए सरिता गन्धर्व का पोस्टमार्टम तहसीलदार के सामने महिला डॉक्टर के माध्यम से कराया गया. जिला अस्पताल के सिविल सर्जन ने सरिता गन्धर्व की मेडिकल रिपोर्ट देखने के बाद बताया कि महिला की मौत का कारण पोस् मार्टम रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट होने का दावा किया. सिविल सर्जन ने कहा कि महिला की पुरानी जांच रिपोर्ट में खून की कमी के साथ कई कमी होने की बात थी.

