सरगुजा:- अंबिकापुर के निगरानी गृह से 11 नाबालिग फरार हो गए. प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया कि सरगुजा जिले में स्थित एक सरकारी निगरानी गृह से मंगलवार को भारी बारिश और बिजली कटौती का फायदा उठाते हुए 11 नाबालिग फरार हो गए. अंबिकापुर शहर के गांधी नगर पुलिस थाना क्षेत्र में स्थित नाबालिग निगरानी गृह में यह घटना शाम करीब 7.30 बजे घटी. यह जानकारी गृह के हाउस फादर (देखभालकर्ता और पर्यवेक्षक) मनीष कुशवाहा ने दी.
अंबिकापुर निगरानी गृह से 11 नाबालिग फरार
पुलिस ने नाबालिगों की तलाश के लिए शहर भर में चेकपॉइंट स्थापित किए हैं और रेलवे स्टेशनों, बस स्टैंडों और अन्य स्थानों पर तलाशी अभियान चलाया है. मनीष कुशवाहा ने बताया कि कानून से संघर्ष कर रहे ये नाबालिग रात के खाने के बाद अपने कमरों में लौट आए थे, जबकि कुछ टीवी देख रहे थे, तभी तेज बारिश और गरज के साथ बारिश शुरू हो गई, जिससे इलाके में बिजली गुल हो गई. उन्होंने बताया कि इस स्थिति का फायदा उठाते हुए, 11 नाबालिगों ने कथित तौर पर एक खिड़की तोड़कर गृह से फरार हो गए.
पावर कट होते ही भाग निकले अपचारी बालक
जिले के अधिकारी ने बताया कि फरार हुए कैदी सरगुजा, सूरजपुर और कोरिया जिलों के थे और चोरी, बलात्कार और हत्या सहित विभिन्न आपराधिक मामलों में हिरासत में थे. उन्होंने बताया कि उनमें से कुछ को हाल ही में भर्ती कराया गया था, जबकि अन्य लंबे समय से हिरासत में थे. गृह के हाउस फादर (देखभालकर्ता और पर्यवेक्षक) मनीष कुशवाहा के अनुसार, फरार हुए कैदियों में से एक अंबिकापुर का आदतन अपराधी माना जा रहा है, जिसके खिलाफ विभिन्न पुलिस स्टेशनों में कई आपराधिक मामले दर्ज हैं. उन्होंने संदेह जताया कि इसी किशोर अपराधी ने अन्य कैदियों को भागने की योजना को अंजाम देने के लिए उकसाया होगा.
पुलिस चेक प्वाइंट लगाकर कर रही तलाश
मनीष कुशवाहा ने बताया कि घटना की जानकारी पुलिस और वरिष्ठ अधिकारियों को दे दी गई है और नाबालिगों के परिवारों से संपर्क किया जा रहा है. घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने शहर भर में चेकपॉइंट स्थापित किए और फरार कैदियों की तलाश में रेलवे स्टेशनों, बस स्टैंडों और अन्य स्थानों पर तलाशी अभियान चलाया. मनीष कुशवाहा ने आगे बताया कि पुलिस और ऑब्जर्वेशन होम प्रशासन की टीमें कैदियों का पता लगाने के लिए तलाशी अभियान चला रही है.

