दंतेवाड़ा : अपनी जेनेटिक बीमारी की वजह से देशभर में चर्चित जागेश्वरी अतंतः स्वस्थ होकर अपने घर लौट गई है। दंतेवाड़ा की यह आदिवासी बच्ची दुर्लभ त्वचा रोग से पीड़ित थी और उसका इलाज निरंतर चल रहा था। बालिका के स्वास्थ्य को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग की निगरानी में जागेश्वरी को उपचार हेतु रायपुर भेजने का निर्णय लिया गया था।
बता दे कि दुर्लभ त्वचा रोग से ग्रसित कु. जागेश्वरी का रायपुर मेडिकल कॉलेज में सफल उपचार किया गया जहां अब उसकी स्थिति पहले से काफी बेहतर है। ज्ञात हो कि जनपद पंचायत गीदम अंतर्गत ग्राम कौरगांव की रहने वाली लगभग 13 वर्ष की जागेश्वरी लंबे समय से दुर्लभ त्वचा रोग से जूझ रही थी। और उसके परिजन जगह-जगह इसका उपचार करके लगभग निराश हो चले थे।
घर लौटकर आई जागेश्वरी
— CMO Chhattisgarh (@ChhattisgarhCMO) May 6, 2023
अपनी जेनेटिक बीमारी की वजह से देशभर में चर्चित जागेश्वरी अतंतः स्वस्थ होकर अपने घर लौट गई है। दंतेवाड़ा की यह आदिवासी बच्ची दुर्लभ त्वचा रोग से पीड़ित थी और उसका इलाज निरंतर चल रहा था। बालिका के स्वास्थ्य को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग की निगरानी में… pic.twitter.com/0JT9V1RC5Z
परन्तु कलेक्टर के संज्ञान में आने पर उक्त बालिका के उपचार के संबंध में स्वास्थ्य विभाग द्वारा त्वरित कदम उठाया गया और कलेक्टर के निर्देश पर कु. जागेश्वरी को बेहतर उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज रायपुर भेजा गया। जहां 1 महीने तक जागेश्वरी का विशेषज्ञ चिकित्सकों के द्वारा गहन उपचार में रखा गया। इस दौरान जागेश्वरी का विशेष देखभाल के साथ ही नियमित रूप से परीक्षण एवं दवाइयां दी गई।
फलस्वरूप बेहतर रूप से स्वस्थ होने के बाद उसे मेडिकल कॉलेज रायपुर से डिस्चार्ज किया गया। जहां आज जिला चिकित्सालय से मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी की मौजूदगी में उसके गृह ग्राम कौरगांव के लिए रवाना किया गया। इसके लिए बालिका के परिजनों ने जिला प्रशासन का आभार व्यक्त किया। इस मौके पर मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकार डॉ. बी.आर. पुजारी, डॉ. संजय बसाक सहित चिकित्सा कर्मी उपस्थित थे।

