मध्य प्रदेश:- एक ऐसा मामला सामने आ रहा है जिसे जानकर आप हैरान रह जाएंगे. दरअसल, मध्य प्रदेश के दतिया ज़िले के बड़ौनी पुलिस स्टेशन की पुलिस ने एक ग्यारह महीने पुराने “ब्लाइंड” मर्डर केस का पर्दा फाश किया है. दरअसल, पुलिस ने पीड़ित के बेटे और उसके चाचा को हिरासत में लिया है. बताया जा रहा है कि एसपी मयूर खंडेलवाल ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में मामले की जानकारी दी. आरोपियों से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल की गई कुल्हाड़ी, पीड़ित की हड्डियाँ, एक खाट, कपड़े और अन्य अहम सबूत बरामद किए.
पुलिस का कहना है कि, छटा गाँव के रहने वाले उदयभान सिंह बुंदेला लगभग 11 महीने से गायब था. वहीँ 28 जून 2026 को उनके भाई शिव सिंह ने बड़ौनी पुलिस स्टेशन में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी. जाँच के दौरान पीड़ित के बेटे नितिन सिंह बुंदेला पर शक हुआ. शुरू में उसने एक कहानी बनाई कि ट्रैक्टर कल्टीवेटर का ब्लेड सिर पर गिरने से उसके पिता की मौत हो गई थी और उसने डर के मारे शव को छिपा दिया था. लेकिन, वैज्ञानिक जाँच और FSL रिपोर्ट ने इस कहानी को पूरी तरह बदल दिया. इसके बाद, पुलिस की कड़ी पूछताछ में नितिन टूट गया और उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया.
इतना ही नहीं, आरोपी ने इस बात की जानकारी दी कि उसके पिता ने उसे ट्रैक्टर की किस्त भरने के लिए ₹40,000 दिए थे, लेकिन उसने वो पैसे खर्च कर दिए थे. जब उसके पिता ने बार-बार पैसों का हिसाब माँगा, तो अगस्त 2025 में एक रात जब वो घर पर खाट पर सो रहे थे तो नितिन ने कुल्हाड़ी से कई बार वार करके उनकी हत्या कर दी. हत्या के बाद उसने शव को घर में ही एक बक्से में छिपा दिया और परिवार वालों को गुमराह करते हुए कहा कि उसके पिता काम के सिलसिले में मुंबई गए हैं.
लगभग छह महीने बाद, उसने अपने ताया कल्ली को पूरी घटना के बारे में बताया. दोनों ने मिलकर शव को रज़ाई में लपेटा और सबूत मिटाने के लिए उसे सामली नदी में फेंक दिया. स्टेशन हाउस ऑफ़िसर दिनेश सिंह राजपूत की अगुवाई वाली पुलिस टीम ने वैज्ञानिक सबूतों और लगातार पूछताछ के आधार पर इस मामले को सुलझाया. आरोपी से मिली जानकारी के आधार पर, पीड़ित की हड्डियाँ, कपड़े, एक खाट और अन्य सबूत सामली नदी से बरामद किए गए. हत्या में इस्तेमाल की गई कुल्हाड़ी भी ज़ब्त कर ली गई है. पुलिस अधीक्षक मयूर खंडेलवाल ने बताया कि मामला सुलझने के एक घंटे के भीतर ही दोनों आरोपियों को गिरफ़्तार कर लिया गया. उन्हें अदालत में पेश किया जा रहा है और आगे की कानूनी कार्रवाई चल रही है.

