बिलासपुर :- न्यायधानी बिलासपुर में अपराधियों के बढ़ते हौसलों की एक और तस्वीर सामने आई है। मस्तूरी थाना क्षेत्र में सोमवार तड़के पांच नकाबपोश बदमाशों ने सरकारी शराब दुकान पर धावा बोल दिया। बदमाशों ने पहले दुकान में तैनात 2 सुरक्षा गार्डों को बंधक बनाया, बेरहमी से मारपीट की और एक गार्ड पर चाकू से हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया। इसके बाद दुकान के भीतर घुसकर लॉकर तोड़ने और आग लगाने की कोशिश की। जब सफलता नहीं मिली तो लाॅकर में आग लगाकर काउंटर में रखे कैश, शराब की पेटियां और सीसीटीवी का डीवीआर लेकर फरार हो गए।
जानकारी के मुताबिक शराब दुकान में डकैती की ये वारदात मस्तूरी थाना क्षेत्र की है। बताया जा रहा है कि घटना सोमवार सुबह करीब चार बजे की है। घायल सुरक्षा गार्ड हरिकुमार ने बताया कि पांच नकाबपोश युवक शराब दुकान पहुंचे और चाबी की मांग करने लगे। विरोध करने पर आरोपियों ने लाठी-डंडों और धारदार हथियार से हमला कर दिया। शोर सुनकर दूसरा गार्ड शैलेंद्र बीच-बचाव करने पहुंचा तो उसे भी पीटकर दोनों के हाथ-पैर रस्सी से बांध दिए गए। दोनों गार्ड को बंधक बनाने के बाद बदमाश दुकान का ताला तोड़कर अंदर घुस गए। उन्होंने कटर से लॉकर काटने की कोशिश की, लेकिन कामयाब नहीं हुए। इसके बाद लॉकर में आग लगाने का भी प्रयास किया गया।
आखिरकार आरोपी काउंटर में रखे करीब 27 हजार रुपये नकद, देशी-विदेशी शराब की दो पेटियां, गार्ड का मोबाइल फोन और सीसीटीवी कैमरों का डीवीआर लेकर मौके से फरार हो गए। पुलिस का मानना है कि डीवीआर ले जाने का मकसद वारदात के अहम सबूत मिटाना था। बदमाशों के जाने के बाद दोनों गार्ड किसी तरह रस्सियों से मुक्त हुए। सुबह राहगीरों ने उन्हें घायल अवस्था में देखा और पुलिस को सूचना दी। गंभीर रूप से घायल गार्ड को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज जारी है। घटना की सूचना मिलते ही मस्तूरी पुलिस, आबकारी विभाग, एसीसीयू और साइबर टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगालने शुरू कर दिए हैं।
सुनियोजित वारदात ने एक बार फिर सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। जिस तरह बदमाशों ने पूरी तैयारी के साथ गार्डों को बंधक बनाया, सबूत मिटाने के लिए डीवीआर साथ ले गए और फरार हो गए, उसने पुलिस के सामने अपराधियों तक जल्द पहुंचने की बड़ी चुनौती खड़ी कर दी है। अब इस मामले में जांच और आरोपियों की गिरफ्तारी पर सबकी नजरें टिकी हैं।

