अदरक का इस्तेमाल दुनिया भर में हजारों सालों से खाना पकाने और पारंपरिक स्वास्थ्य उपचारों में किया जाता रहा है. अपने खास तीखे स्वाद और खुशबू के लिए मशहूर, यह साधारण-सी दिखने वाली चीज चाय और सूप से लेकर कई हेल्थ ड्रिंक्स तक, हर चीज में एक जरूरी सामग्री बन गई है. हाल के वर्षों में, अदरक ने वैज्ञानिकों का ध्यान अपनी ओर खींचा है, क्योंकि इसमें बायोएक्टिव कंपाउंड्स, खासकर जिंजरोल, भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं. माना जाता है कि ये कंपाउंड्स सेहत के लिए कई तरह के संभावित फायदे पहुंचा सकते हैं. हालांकि अदरक किसी बीमारी का इलाज नहीं है और इसे मेडिकल ट्रीटमेंट की जगह इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए, लेकिन रिसर्च से पता चलता है कि इसे सही मात्रा में संतुलित आहार में शामिल करने से सेहत को कई फायदे मिल सकते हैं. इस रिपोर्ट में जानें कि रोजाना अदरक खाने से सेहत को क्या लाभ मिलते हैं…
अदरक क्या है
अदरक, जिंगिबर ऑफिसिनेल पौधे की जड़ या राइजोम से मिलता है. इसे कई तरह से इस्तेमाल किया जा सकता है जैसे कि ताजा या सूखा अदरक, चाय या खाने में डालकर, या पाउडर के रूप में और यह सप्लीमेंट के तौर पर भी मिलता है. अदरक सचमुच एक बहुत फायदेमंद जड़ी-बूटी है. इसमें मौजूद ‘जिंजरॉल’ की वजह से यह सेहत के लिए किसी वरदान से कम नहीं है. बता दें, जिंजरॉल को सबसे ज़्यादा असरदार (बायोलॉजिकली एक्टिव) कंपाउंड्स में से एक माना जाता है.
रोजाना अदरक खाने से शरीर को कई फायदे मिलते हैं, जैसे कि
पाचन में सहायक: एक्सपर्ट्स का कहना है कि अदरक डाइजेस्टिव एंजाइम्स के प्रोडक्शन को बढ़ाता है और खाने को डाइजेस्टिव सिस्टम से तेजी से आगे बढ़ाने में मदद करता है. इससे इनडाइजेशन, ब्लोटिंग और कॉन्स्टिपेशन जैसी प्रॉब्लम्स कम होती हैं. इसके अलावा, नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन के एक अध्ययन में बताया गया है कि गर्भावस्था के दौरान मॉर्निंग सिकनेस, यात्रा के दौरान मोशन सिकनेस और कीमोथेरेपी के बाद होने वाली मतली को कम करने में अदरक बहुत असरदार है .
सूजन कम करने में मददगार: इसमें जिंजरोल होता है, एक ऐसा कंपाउंड जिसमें जबरदस्त एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटीऑक्सीडेंट गुण होते हैं जो शरीर के दर्द और सूजन को कम करने में मदद करते हैं. यह जोड़ों की सूजन और आर्थराइटिस से जुड़े दर्द को कम करने के लिए खास तौर पर फायदेमंद है. यह पीरियड्स के दौरान होने वाले दर्द से राहत दिलाने में भी असरदार है.
इम्यूनिटी बढ़ाने में सहायक: अदरक में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट इम्यूनिटी को मजबूत करते हैं. यही वजह है कि यह सर्दी, खांसी और गले में खराश जैसी आम बीमारियों के लक्षणों को कम करने में मदद करता है और शरीर को बीमारियों से बचाता है. इसके एंटीमाइक्रोबियल गुणों में कुछ खास तरह के बैक्टीरिया और वायरस से लड़ने की क्षमता होती है.
दिल की सेहत के लिए फायदेमंद: UCLA हेल्थ की एक स्टडी में पाया गया है कि अदरक में मौजूद पोषक तत्व खराब कोलेस्ट्रॉल के लेवल को कम कर सकते हैं. जानकारों का कहना है कि इसके नियमित सेवन से ब्लड प्रेशर कम हो सकता है और ब्लड सर्कुलेशन बेहतर हो सकता है। इससे कार्डियोवैस्कुलर सिस्टम स्वस्थ रहता है और दिल की बीमारी का खतरा कम होता है.
ब्लड शुगर कंट्रोल करने में मददगार: माना जाता है कि अदरक ब्लड शुगर लेवल, इंसुलिन सेंसिटिविटी और लिपिड प्रोफाइल पर अच्छा असर डालता है. यह डायबिटीज के मरीजों में ब्लड शुगर लेवल को कंट्रोल करने में मदद करता है और ओवरऑल ग्लाइसेमिक कंट्रोल को बेहतर बनाता है. क्लीवलैंड क्लिनिक की एक स्टडी के अनुसार, जिंजरोल ब्लड शुगर लेवल को स्थिर रखने में अदरक की भूमिका को समझा सकता है, जो टाइप 2 डायबिटीज़ के लंबे समय तक रहने वाले हेल्थ पर असर को मैनेज करने के लिए जरूरी है.
दिमाग का काम बेहतर बनाने में सहायक: कई स्टडीज से पता चलता है कि अदरक दिमाग के काम को बेहतर बनाता है और उम्र के साथ होने वाली सोचने-समझने की क्षमता में कमी से बचाता है. इसके एंटीऑक्सीडेंट और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण बेहतर याददाश्त और सोचने-समझने की क्षमता में मदद करते हैं.

