हालांकि बाल झड़ना कई लोगों के लिए एक आम समस्या है, लेकिन दोमुंहे बाल कुछ लोगों के लिए बहुत परेशानी का कारण बनते हैं. इनसे बाल बेजान, रूखे और खुरदरे दिखने लगते हैं. इस समस्या से निपटने के लिए कई लोग बालों को ट्रिम करवाते हैं, लेकिन एक्सपर्ट्स का कहना है कि कुछ सावधानियां बरतकर इस समस्या को नेचुरली कम किया जा सकता है. आइए जानें कैसे…
यह गलती करने से बचें: नहाने के बाद कई लोग बालों को जल्दी सुखाने के लिए तौलिए से रगड़ते हैं, जबकि कुछ लोग तौलिए को सिर पर लपेटकर थोड़ी देर के लिए छोड़ देते हैं. हालांकि, एक्सपर्ट्स का कहना है कि इन दोनों तरीकों से बाल टूट सकते हैं. इसके बजाय, माइक्रोफाइबर तौलिए से बालों को हल्के हाथों से थपथपाकर सुखाने की सलाह दी जाती हैं. साथ ही, उलझे हुए बालों को सुलझाने के लिए चौड़े दांतों वाली कंघी इस्तेमाल करने की सलाह दी जाती है. एक्सपर्ट का कहना है कि बालों के सिरों से शुरू करके ऊपर की ओर कंघी करने से बालों पर खिंचाव कम होता है, इस तरह हल्के हाथों से कंघी करने से बालों के टूटने का खतरा कम हो जाता है.
अपने बालों को मॉइस्चराइज्ड रखें: रूखे बाल आसानी से टूट जाते हैं; इसलिए, एक्सपर्ट्स बालों की सेहत के लिए नमी (मॉइस्चर) को बहुत जरूरी मानते हैं. हर किसी को अपने बालों के प्रकार के हिसाब से मॉइस्चराइजिंग शैम्पू और कंडीशनर का इस्तेमाल करना चाहिए. बालों की लंबाई के बीच से लेकर सिरों तक कंडीशनर लगाना खास तौर पर जरूरी है. बालों को मजबूत बनाए रखने के लिए हफ़्ते में एक बार डीप कंडीशनिंग ट्रीटमेंट या हेयर मास्क का इस्तेमाल करने की भी सलाह दी जाती है. एक्सपर्ट्स का कहना है कि जब बालों को सही मात्रा में नमी मिलती है, तो वे ज़्यादा मज़बूत हो जाते हैं और उनके टूटने की संभावना कम हो जाती है.
हेयर ड्रायर का इस्तेमाल न करें: कई लोग नहाने के बाद बालों को सुखाने के लिए ड्रायर, ब्लोअर, स्ट्रेटनर और कर्लर जैसे इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का इस्तेमाल करते हैं. हालांकि, जानकारों का कहना है कि इन टूल्स से निकलने वाली बहुत ज्यादा गर्मी बालों को कमजोर करती है और दोमुंहे बालों की समस्या पैदा करती है. इसलिए, बालों पर ज्यादा गर्मी वाले स्टाइलिंग टूल्स का इस्तेमाल करने से बचना बेहतर है. नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन ने खुलासा किया है कि हेयर ड्रायर का इस्तेमाल करने से बाल रूखे, बेजान, कमजोर और रंगहीन हो सकते हैं.
इन हेयर स्टाइल से बचें: विशेषज्ञों का कहना है कि बालों को कसकर बांधने और अलग-अलग हेयर स्टाइल बनाने से बालों की जड़ों में रक्त संचार कम हो सकता है. इससे बाल टूटने लगते हैं. इस मामले में, साधारण रबर बैंड की तुलना में सिल्क या साटन के स्क्रंची बेहतर होते हैं. अमेरिकन एकेडमी ऑफ डर्मेटोलॉजी एसोसिएशन का कहना है कि टाइट पोनीटेल, कॉर्नरो, बन और हेयर एक्सटेंशन से एलोपेसिया (बालों का झड़ना) हो सकता है.
तेल से पोषण दें: एक्सपर्ट्स का कहना है कि आर्गन, नारियल या जोजोबा जैसे नेचुरल तेल बालों की जड़ों (फॉलिकल्स) की सुरक्षा करते हैं और दोमुंहे बालों की समस्या को रोकते हैं. इसलिए, वे सलाह देते हैं कि रोजाना या नहाने के बाद बालों के सिरों पर थोड़ी मात्रा में तेल लगाया जाए. इससे बाल मॉइस्चराइज्ड और मजबूत रहते हैं.
हेल्दी डाइट: बालों की सेहत उनकी जड़ों से शुरू होती है. एक्सपर्ट्स का कहना है कि प्रोटीन, ओमेगा-3 फैटी एसिड, बायोटिन और विटामिन A, C और E से भरपूर संतुलित डाइट बालों को मजबूत बनाती है. अंडे, नट्स, पत्तेदार सब्जियां और मछली जैसी चीजें बालों की सेहत के लिए फायदेमंद मानी जाती हैं. इसके अलावा, बालों को अंदर से हाइड्रेटेड रखने के लिए पर्याप्त पानी पीने की सलाह दी जाती है. नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन के अनुसार, बायोटिन बालों की वृद्धि और गुणवत्ता में सुधार करता है.

