धमतरी:- शहर में चोरों के हौसले बुलंद हो गए हैं. शातिर चोरों ने एक ही कॉलोनी में लगातार 2 दिनों तक सूने मकानों को निशाना बनाया. चोरों ने यहां से लाखों की चोरी की वारदात को अंजाम दिया. कोतवाली थाना क्षेत्र स्थित अर्जुन रेजिडेंसी में हुई इन घटनाओं ने इलाके के लोगों में दहशत का माहौल पैदा कर दिया है. चोरों ने खिड़की, दरवाजे और लोहे की ग्रिल तोड़कर घरों में प्रवेश किया और नगदी सहित सोने-चांदी के जेवरात लेकर फरार हो गए. पुलिस दोनों मामलों में अपराध दर्ज कर जांच में जुटी है.
आईपीएल मैच देखने के परिवार के घर चोरी
पहली घटना अर्जुन रेजिडेंसी की है. जहां आशीष भट्टाचार्य 10 मई की सुबह अपनी पत्नी और बच्ची के साथ रायपुर में आईपीएल मैच देखने गए थे. मैच खत्म होने के बाद वे रात में अपने ससुराल खमतराई रुक गए. 11 मई को जब परिवार वापस घर लौटा तो मुख्य गेट का कुंदा टूटा मिला. घर के अंदर प्रवेश करते ही उनके होश उड़ गए. दोनों कमरों की अलमारियां खुली थीं. घर का पूरा सामान बिखरा पड़ा था. परिवार ने जब सामान की जांच की तो अलमारी में रखे करीब 2 लाख रुपये नकद सहित लाखों रुपये के सोने-चांदी के जेवर गायब मिले.
चोरी गए सामानों की लिस्ट
चोरी हुए सामान में एक सोने का हार, कई छोटे-बड़े सोने के बाली, 8 सोने की अंगूठियां, 2 सोने की चेन, 2 सोने की चूड़ियां, 2 जोड़ी चांदी के पायल, 4 चांदी की बिछिया, 1 चांदी का करधन, 4 चांदी की अंगूठियां और 7 पुराने चांदी के सिक्के शामिल हैं. चोरी गए जेवरों और नगदी की कुल कीमत लगभग 4 लाख से अधिक है. वहीं घर के पीछे लगी लोहे की ग्रिल की रॉड टूटी हुई मिली, जिससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि चोर पीछे के रास्ते से घर में घुसे थे. कॉलोनी के लोगों का कहना है कि क्षेत्र में पहले भी संदिग्ध लोगों की आवाजाही देखी गई थी.
शातिर चोरों का कॉलोनी में आतंक
हैरानी की बात यह है कि पहली वारदात के बाद भी चोरों का आतंक कम नहीं हुआ. अगले ही दिन उसी कॉलोनी में एक और सूने मकान को निशाना बना लिया गया. यह मकान म्युनिसिपल स्कूल में पदस्थ शिक्षिका संतोषी अग्रवाल का है, जो अपने बेटे के पास बेंगलुरु गई हुई हैं. पड़ोसियों ने घर के अंदर लाइट जलती देख संदेह होने पर इसकी सूचना शिक्षिका को दी. जिसके बाद धमतरी में मौजूद उनके रिश्तेदार घर पहुंचे. घर का नजारा देखकर वे भी दंग रह गए. अंदर का सारा सामान बिखरा पड़ा था और अलमारियां खुली हुई थी. आशंका जताई जा रही है कि यहां से भी नगदी और जेवरात चोरी हुए हैं. हालांकि वास्तविक नुकसान का आंकड़ा शिक्षिका के लौटने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा.

