जबलपुर:- यह घटना जबलपुर के रांझी थाना क्षेत्र की है. बदले की भावना से 19 वर्षीय छात्रा को पेंचकस मारकर लहूलुहान करने वाले कथित प्रेमी को पुलिस द्वारा गिरफ्तार कर जुलूस निकाला गया. यह जुलूस वहीं से होकर गुजरा जहां उसने वारदात को अंजाम दिया था. पुलिस द्वारा ऐसा कदम क्षेत्र में कानून की इज्जत और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर संदेश देने के उद्देश्य से उठाया. पेंचकस से वार करने वाला आरोपी छात्रा का दोस्त था.
चश्मदीदों के मुताबिक, युवक ने पहले युवती को रोककर कुछ बात की फिर उसे गिफ्ट जैसा कुछ दिया, जिसे युवती ने बैग में रख लिया. थोड़ी देर बाद उनमें किसी बात को लेकर झगड़ा हुआ और युवक ने गुस्से में आकर पेंचकस से युवती पर कई वार कर दिए, जिससे वो लहूलुहान हो गई. बाद में उसे हॉस्पिटल भेज दिया गया.
एक मोहल्ले में रहते थे दोनों
आरोपी युवक मनीष कोल उर्फ मोनू (उम्र 21 वर्ष) और युवती जिसकी उम्र 19 वर्ष के करीब है. दोनों एक ही मोहल्ले में रहते थे. मनीष केंद्रीय सुरक्षा संस्थान व्हीकल फैक्ट्री में कार चलता था, उसकी दोस्ती युवती से 4 साल पहले हुई थी. आरोपी की भाभी के अनुसार, युवती का घर में आना जाना भी था. युवती मोनू के घर के करीब ही रहती थी, इसलिए कभी-कभी कॉलेज के बाद वह घर में आ जाया करती थी चाय नाश्ता करने के लिए.
10 दिन पहले हुआ था विवाद
दोनों का रिश्ता अच्छा चल रहा था, वह दोनों साथ में घूमते फिरते भी थे. ऐसे ही कुछ दिन पहले दोनों साथ में बरगी डैम गए थे, जहां देर तक घूमने के बाद दोनों में विवाद हो गया. विवाद इतना बढ़ गया की युवती ने मनीष का मोबाइल और गाड़ी की चाबी डैम में फेंक दी और दोनों ही रात भर वापस नहीं लौट पाये. अगले दिन मनीष ने अपने बड़े भाई को कॉल किया और पूरे मामले की जानकारी दी. सारी घटना सुनने के बाद आरोपी का भाई और युवती के पिता बरगी डैम पहुंचे. जहां फिर विवाद की स्थिति बन गई और युवती ने अपने पिता के सामने मनीष पर आरोप लगाया कि, ”वह उसे जबरन बाइक पर बैठाकर बरगी डैम ले आया है.” युवती के पिता के सामने युवती के द्वारा लगाया गया ऐसा आरोप मनीष को कांटे की तरह चुभ गया जिसके बाद उसके मन में बदला लेने की भावना और सनक सवार हो गई.
पिता से बात करके ही फेंका था फोन
आरोपी की भाभी के अनुसार, युवती से उनके घर की दूरी करीब 200 मीटर के आसपास होगी और उसका घर में आना-जाना भी था. कभी-कभी वह नाश्ता भी करती थी. जिस दिन यह लोग बरगी गए थे, उस दिन घूमते हुए रात के करीब 10:00 बज गए थे. जिसके बाद युवती ज्यादा चिंतित हो गई थी कि घर में क्या जवाब देगी. उसकी चिंता को देखते हुए मनीष ने उसको अपना फोन देकर कहा कि घर में बात कर लो. युवती ने फोन लिया और अपने पिता को फोन लगाकर कह दिया कि मनीष उसे जबरदस्ती लाया है. जिसके बाद ही इन लोगों में विवाद शुरू हुआ और युवती ने गुस्सा होकर गाड़ी की चाबी और मनीष का मोबाइल बरगी डैम में फेंक दिया. जिसके बाद वो लोग वहीं फंस गए.
बदला लेने की सनक में मारा पेंचकस
कुछ दिन बीतने के बाद युवती जो बीएससी की छात्रा थी, एक दिन कॉलेज से अपने घर लौट रही थी तब ही विश्वकर्मा मोहल्ले के पास उसे आरोपी मनीष ने रोक लिया. दिन होने के कारण आसपास कुछ लोग भी खड़े थे जो घटना के प्रत्यक्षदर्शी बने. जिनके अनुसार, मोनू ने अपने बैग से कोई गिफ्ट जैसा सामान निकाला और युवती को दिया. जिसे युवती ने अपने बैग में रख लिया. थोड़ी देर आराम से बात करने के बाद किसी बात को लेकर उन दोनों में विवाद शुरू हो गया.
बताया जा रहा है कि युवत ने युवती को शादी के लिए प्रपोज किया था, जिसे युवती ने मना कर दिया था. जिसके बाद गुस्से में आकर मनीष ने युवती की गर्दन पर पेंचकस से कई वार किए. युवती ने खुद को बचाने का प्रयास किया. जिसके कारण उसका हाथ गर्दन के पास आ गया और उसके हाथ में गंभीर चोटें आई. वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी तुरंत मौके से फरार हो गया.
फरारी काटने पहुंचा नहर किनारे
आरोपी वारदात को अंजाम देकर घबरा गया था जिसके बाद उसने फरारी काटने के लिए अपने दोस्त से गाड़ी मांगी और गाड़ी लेकर पनागर के पास स्थित झुरझुरू नहर के पास पहुंच गया. फरारी के दौरान पकड़े जाने के डर से उसने किसी राह चलते आदमी से मोबाइल मांगा और घटना की पूरी जानकारी अपने बड़े भाई को दे दी. पर वह पुलिस की पकड़ से बच नहीं सका. रांझी थाना क्षेत्र की पुलिस ने मामले को तुरंत संज्ञान में लेते हुए आरोपी को 24 घंटे के अंदर दबोच लिया. अपराध की वीभत्सता को देखते हुए पुलिस ने आरोपी का जुलूस निकाला जो कि उस स्थल के पास से होकर गुजरा जहां उसने अपराध को अंजाम दिया था.
रांझी थाना प्रभारी उमेश गोल्हानी ने बताया कि, युवती पर हमला करने वाले आरोपी को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है. उसके खिलाफ विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया गया है. उसे सबक सिखाने के लिए उसका जुलूस निकाला था. मामले में आगे की कार्रवाई जारी है.

