बेमेतरा:- बड़े पेडों और पानी की टंकियों पर आपने कई बार मधुमक्खी के छत्ते देखे होंगे. लेकिन क्या आपने कभी ये सोचा भी है कि ये मधुमक्खी किसी की जान भी ले सकते हैं. दरअसल बेमेतरा के नवागढ़ में कुछ ऐसा हुआ जिससे पूरा गांव दहशत में आ गया. यहां ग्राम छेरकापुर में एक पुराना और बड़ा पेड़ है. इस पेड़ पर मधुमक्खी का बड़ा छत्ता लगा है. गांव के लोग कभी भी इन मधुमक्खियों को नहीं छेड़ते, लिहाजा मधुमक्खी भी उनको कभी नुकसान नहीं पहुंचाते थे. लेकिन सोमवार को मधुमक्खियों ने ग्रामीणों पर हमला कर दिया. मधुमक्खियों के इस हमले में पति पत्नी और उसका बेटा बुरी तरह से जख्मी हो गए. इलाज के दौरान जहां 53 साल के पति की मौत हो गई वहीं पत्नी और बेटे की हालत गंभीर बनी हुई है. दोनों का इलाज नवागढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में चल रहा है.
मधुमक्खियों के हमले में किसान की मौत
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि मृतक किसान श्रीराम यादव अपने खेत पर काम कर रहा था. खेत पर उसकी पत्नी और बेटा भी काम कर रहे थे. खेत के पास ही एक बड़ा पेड़ है जिसपर मधुमक्खी का छत्ता लगा है. किसान का परिवार खेत पर काम करने में मशगूल था, तभी एक बाज वहां पहुंचता है और मधुमक्खी के छत्ते पर चोंच मार देता है. बाज के चोंच मारते ही मधुमक्खियों का झुंड वहां मौजूद लोगों पर हमला कर देता है. खेत में काम कर रहा परिवार जबतक संभल पाता तबतक मधुमक्खियों के झुंड ने उनको बुरी तरह से काटकर जख्मी कर दिया. पत्नी और बेटा तो किसी तरह से वहां से भाग निकले लेकिन पति खेत में फंस गया.

