इंदौर :- मध्य प्रदेश के इंदौर ज़िले के महू इलाके में पुलिस ने हनीट्रैप में लोगों को फसकर उनसे वसूली करने वाले गिरोह का भंड़फोड़ किया है। गिरोह के सदस्य पहले एक महिला से मैसेज के जरिए दोस्ती करवाते थे और फिर युवक को किसी लोकेशन या कमरे में बुलाया जाता था। जैसे ही युवक वहाँ पहुंचता, गिरोह के अन्य सदस्य तुरंत कमरे में घुस जाते और उसे बदनाम करने की धमकी देकर पैसे वसूलते थे। पुलिस ने इस गिरोह का खुलासा करते हुए तीन महिलाओं और एक पुरुष को गिरफ्तार किया है।
सोशल मीडिया के ज़रिये करते थे दोस्ती
दरअसल, यह पूरा मामला महू इलाके बडगौंडा थाना क्षेत्र का है। यहाँ ग्रामीण डीएसपी उमाकांत चौधरी के अनुसार, गिरोह के सदस्य पहले एक महिला के जरिए सोशल मीडिया या मैसेज पर युवक से दोस्ती करवाते थे। दोस्ती गहरी होने पर युवक को किसी सुनसान लोकेशन या फार्म हाउस के कमरे में बुलाया जाता था। जैसे ही युवक वहां पहुंचता, गिरोह के अन्य सदस्य अचानक कमरे में घुस जाते और उसे छेड़छाड़ या दुष्कर्म के झूठे केस में फंसाने की धमकी देकर मोटी रकम वसूलते थे।
पीड़ित ने दर्ज करवाई शिकायत
इस मामले का खुलासा तब हुआ जब एक पीड़ित युवक ने हिम्मत दिखाकर बडगौंदा थाने में शिकायत दर्ज कराई। जांच के दौरान पुलिस ने शुरुआत में दो महिलाओं और एक पुरुष को पकड़ा था, लेकिन बाद में एक और महिला की संलिप्तता सामने आने पर उसे भी गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस को इंदौर के एक अन्य युवक से भी इसी गिरोह द्वारा ठगी किए जाने की जानकारी मिली है।
फार्म हाउस संचालक पर कार्रवाई
यह पूरा घटनाक्रम बडगौंदा क्षेत्र के ‘रैम्बो फार्म हाउस’ में अंजाम दिया गया था। पुलिस ने फार्म हाउस संचालक के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की है, क्योंकि उसने बिना किसी पहचान पत्र के और बिना रिकॉर्ड मेंटेन किए आरोपियों को वहां ठहरने की जगह दी थी। पुलिस का मानना है कि बदनामी के डर से कई लोग शिकायत करने सामने नहीं आए हैं, जिससे पीड़ितों की संख्या और अधिक हो सकती है। डीएसपी चौधरी ने साफ किया है कि इस गिरोह के तार और भी लोगों से जुड़े हो सकते हैं, जिसकी जांच जारी है। साथ ही, क्षेत्र के सभी रिसॉर्ट्स और फार्म हाउस संचालकों को सख्त हिदायत दी गई है कि वे बिना वैध आईडी के किसी को भी प्रवेश न दें।

