रायपुर:- शुरुआती बारिश ने ही राजधानी के ना सिर्फ सड़कों का बल्कि रेलवे स्टेशन का भी बुरा हाल कर दिया है. बारिश से राहत तो मिली, लेकिन राजधानी रायपुर के रेलवे स्टेशन पर यात्रियों के लिए आफत भी साथ लेकर आई. प्लेटफॉर्म नंबर-1 पर शेड से इस तरह पानी बरसा कि मानो स्टेशन की छत से झरना फूट पड़ा हो. जिस छत के नीचे यात्री बारिश से बचने बैठे थे, वही छत उन्हें भिगोने लगी. इस नजारे ने रेलवे की तैयारियों और रखरखाव पर बड़े सवाल खड़े कर दिए.
प्लेटफॉर्म नंबर-1 के शेड से बहा झरना
राजधानी रायपुर में लगातार हो रही बारिश का असर अब रेलवे स्टेशन तक पहुंच गया है. प्लेटफॉर्म नंबर-1 पर लगा शेड पानी रोकने की बजाय खुद झरने में तब्दील हो गया. देखते ही देखते शेड से तेज धार के रूप में पानी गिरने लगा और पूरा प्लेटफॉर्म भीग गया.
बारिश से बचने आए, छत ने ही भिगो दिया
बारिश से बचने के लिए यात्री शेड के नीचे बैठे थे, लेकिन कुछ ही देर में शेड से इतनी तेज पानी की धार गिरने लगी कि लोगों को अपनी जगह छोड़कर इधर-उधर भागना पड़ा. कई यात्रियों का सामान भी भीग गया. बच्चों व बुजुर्गों को सबसे ज्यादा परेशानी उठानी पड़ी.
चढ़ना-उतरना बना चुनौती
प्लेटफॉर्म पर पानी भरने और लगातार गिरती धार के कारण ट्रेन आने-जाने के दौरान यात्रियों को चढ़ने और उतरने में भी काफी दिक्कत हुई. फिसलने का खतरा बना रहा और लोग संभल-संभलकर चलते नजर आए.
पहली बारिश में खुली तैयारियों की पोल
रेलवे हर साल मानसून से पहले तैयारियों और मरम्मत के दावे करता है, लेकिन रायपुर स्टेशन का यह नजारा उन दावों पर सवाल खड़े कर रहा है. शेड से झरने की तरह गिरता पानी और पानी निकासी की खराब व्यवस्था ने रेलवे के मेंटेनेंस सिस्टम की हकीकत सामने ला दी.
