दौसा :- जिले में बुधवार तड़के दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर एक दिल दहला देने वाला हादसा घटित हुआ. कोलवा थाना क्षेत्र के धनावड़ के पास जीरो प्वाइंट पर ऋषिकेश से इंदौर जा रही एक स्लीपर बस आगे चल रहे ट्रक में जा भिड़ी, इसके बाद बस में भीषण आग लग गई. इस दर्दनाक हादसे में अब तक 8 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 29 यात्री घायल हुए हैं. हादसा इतना भयावह था कि एक्सप्रेसवे पर चारों ओर चीख-पुकार मच गई और सड़क खून से लाल हो गई. कई शवों के चिथड़े घटनास्थल पर बिखरे मिले.
पुलिस अधीक्षक पीयूष दीक्षित ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और राहत एवं बचाव कार्य का जायजा लिया. उन्होंने बताया कि हादसे में 29 लोग घायल हुए हैं. इनमें बच्चे भी शामिल हैं, जिनका इलाज दौसा जिला अस्पताल में जारी है. इनमें से 9 घायलों की पहचान भी हो चुकी है. प्रारंभिक जांच में पुलिस ने आशंका जताई है कि बस चालक को नींद की झपकी आने के कारण यह हादसा हुआ. हालांकि, दुर्घटना के वास्तविक कारणों की विस्तृत जांच की जा रही है.
दौसा एडिशनल एसपी योगेंद्र फौजदार ने बताया कि घटनाक्रम रात करीब 3 बजे के आसपास का है. हादसे में अब तक 6 लोगों के शव को जिला अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया जा चुका है. मामुली घायलों को इलाज के बाद छुट्टी दे दी गई है. उन्होंने बताया कि घायलों को अभी मृतकों के बारे में जानकारी नहीं दी गई है. एडिशनल एसपी ने बताया कि बस में 39 से अधिक सवारियां होने का अनुमान लगाया है. हालांकि इसकी अभी पुष्टि नहीं हो पाई है. हादसे के दौरान आगे चल ट्रेलर का चालक और खलासी भी घायल हुए हैं.
टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बस का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और देखते ही देखते उसमें आग लग गई. बस में फंसे 6 यात्रियों की जिंदा जलने से मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 2 अन्य यात्रियों ने सिर में गंभीर चोट लगने के कारण दम तोड़ दिया. हादसे की सूचना मिलते ही जिला पुलिस प्रशासन और राहत दल मौके पर पहुंचे और आग पर काबू पाया. वहीं, दौसा की जिला कलेक्टर डॉ. सौम्या झा का कहना है कि बस ऋषिकेश से इंदौर जा रही थी, तभी सुबह करीब 3:15 या 3:30 बजे जयपुर-बांदीकुई एक्सप्रेसवे पर टक्कर के बाद उसमें आग लग गई. करीब 24 या 25 लोग सुरक्षित बाहर निकलने में कामयाब रहे और उन्हें बचा लिया गया. वे अभी ठीक हैं. कुल हताहतों की संख्या के बारे में हम इस समय केवल अनुमानित आंकड़ा ही बता सकते हैं, अंतिम संख्या अभी पक्की नहीं है. करीब सात से आठ लोगों की मौत हुई है.

