पंजाब:- लुधियाना जिले के समराला इलाके से एक बेहद हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहां ‘खूनी’ चाइना डोर (चाइनीज मांझा) ने 15 साल के एक किशोर की जान ले ली. स्कूल से मोटरसाइकिल पर घर लौट रहे 10वीं कक्षा के छात्र तरणजोत सिंह का गला चाइना डोर की चपेट में आ गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई. इस हादसे के बाद पूरे इलाके में शोक की लहर है और लोगों का गुस्सा प्रशासन पर फूट पड़ा है.
कैसे हुई मौत
जानकारी के अनुसार, तरणजोत जैसे ही भरथला गांव के पास पहुंचा, अचानक आसमान से लटकती चाइना डोर उसके गले में फंस गई. डोर इतनी घातक थी कि उसने गर्दन पर गहरा घाव कर दिया और अत्यधिक खून बहने लगा. प्रत्यक्षदर्शी बहादुर सिंह ने बताया, “तरणजोत बुलेट बाइक पर जा रहा था, तभी डोर उसकी गर्दन पर लगी और वह लहूलुहान होकर सड़क पर गिर गया.” राहगीरों ने उसे तुरंत अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.
बेटे का शव देख मां हुई बेसुध
तरणजोत अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था. इकलौते चिराग की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया. अस्पताल पहुंची मां अपने बेटे का शव देख सुध-बुध खो बैठी और बेहोश हो गई, जिसके बाद उन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा. ग्रामीण हरचंद सिंह ने कहा कि माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल है, उनकी दुनिया उजड़ गई है.
लुधियाना-चंडीगढ़ हाईवे किया जाम
प्रशासन की लापरवाही और चाइना डोर की खुलेआम बिक्री से नाराज ग्रामीणों और किसान संगठनों ने लुधियाना-चंडीगढ़ नेशनल हाईवे जाम कर दिया. मृतक के दादा जसपाल सिंह ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि समराला में चाइना डोर धड़ल्ले से बिक रही है. उन्होंने कहा, “प्रशासन सो रहा है और दुकानदार बिना किसी डर के मौत का यह सामान बेच रहे हैं. इस डोर से पहले भी कई लोग घायल हुए हैं, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई.

