थूथुकुडी (तमिलनाडु) :- तमिलनाडु के थूथुकुडी जिले के कायथारू के पास फसलों को नुकसान पहुंचा रहे जंगली सूअरों को नियंत्रित करने के लिए बिजली की बाड़ लगाते समय करंट लगने से एक किसान की मौत हो गई.वदिवेल (65) थूथुकुडी जिले के कायथारू के पास अथिकुलम में सुदलाई कोइल स्ट्रीट के निवासी हैं. उनकी पत्नी सुबपुथाई हैं. उनकी 5 बेटियां हैं. उन्होंने उसी इलाके के रहने वाले कुप्पू की जमीन लीज पर ली थी और मौसम के हिसाब से उस पर खेती करते थे. इस तरह से उन्होंने अभी जमीन पर मक्का की खेती की थी. लेकिन, जंगली सूअर रात में खेती की जमीन में घुसकर फसल को नुकसान पहुंचाते थे.
इस वजह से उन्होंने एक पेड़ पर बिजली की बत्तियां बांध दीं. लेकिन जंगली सूअर फसलों को नुकसान पहुंचाते रहे. इस वजह से, वदिवेल 28 नवंबर को मक्के की फसल को बचाने के लिए कांटेदार तार का प्रयोग करके उसके चारों ओर बिजली की बाड़ लगाने के काम में लगे थे. उसी समय, कांटेदार तार से करंट लगने से उनकी मौत हो गई.वदिवेल, जो आमतौर पर रात 10 बजे घर आते थे, कल देर तक नहीं लौटे. इसलिए, उनकी पत्नी सुबपुथाई बारिश में देखने गईं.
वहां, वह यह देखकर चौंक गई कि वदिवेल जंगली सूअर के लिए लगाए गए बिजली के तार में फंस गए थे. सुबपुथाई तुरंत उनको कमरे में गईं जहां मोटर थी, बिजली काट दी और अपने पति को उठाया. इसमें पता चला कि उनकी मौत करंट लगने से हुई थी.

