वॉशिंगटन:- अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप लगातार भारत-पाकिस्तान युद्ध को लेकर बयानबाजी कर रहे हैं. उन्होंने मंगलवार को एक बार फिर दावा किया कि इस साल की शुरुआत में भारत और पाकिस्तान के बीच संभावित परमाणु संघर्ष को रोकने में प्रत्यक्ष भूमिका निभाई थी. इसके साथ-साथ उन्होंने पीएम मोदी को ‘बहुत ही शानदार’ बताया. वहीं, उन्होंने पाकिस्तान को चेतावनी दी कि निरंतर शत्रुता व्यापार सौदों को बाधित करेगी.
उन्होंने कथित तौर पर भारत पर भारी-भरकम टैरिफ लगाने की धमकी वाली बात भी बताई. अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के अनुसार उन्होंने कहा था कि अगर दोनों देशों के बीच युद्ध नहीं रुकता है तो वे इतना भारी टैरिफ लगाएंगे कि सिर चकरा जाएगा. डोनाल्ड ट्रंप ने व्हाइट हाउस में कैबिनेट बैठक के दौरान भारत को सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि अगर बात नहीं मानी गई तो और ज्यादा टैरिफ लगाए जाएंगे. उन्होंने नाराजगी जताते हुए कहा कि वे तब तक ट्रेड डील पर आगे नहीं बढ़ेंगे, जब तक दोनों के बीच विवाद नहीं सुलझ जाता.
अमेरिकी राष्ट्रपति ने पीएम मोदी से बात को लेकर कहा कि मैं एक बहुत ही शानदार इंसान भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बात कर रहा हूं. मैंने उनसे पूछा कि भारत और पाकिस्तान के बीच क्या हो रहा है. दोनों देशों के बीच काफी दुश्मनी है. यह आज से नहीं, बल्कि काफी लंबे समय से जारी है. उन्होंने सख्त लफ्जों में कहा कि मैं भारत के साथ कोई भी बिजनेस डील नहीं करना चाहता. आप दोनों देश न्यूक्लियर वॉर की तरफ जा रहे हैं. मैंने कहा, कल मुझे फिर फोन करना, लेकिन हम आपके साथ कोई समझौता नहीं करने वाले, वरना हम आप पर इतने ऊंचे टैरिफ लगा देंगे. मुझे इसकी कोई परवाह नहीं. आपका सिर घूम जाएगा. आप युद्ध में फंसने वाले नहीं हैं. लगभग पांच घंटे के अंदर, यह हो गया. यह हो गया. अब शायद यह फिर से शुरू हो जाए, मुझे नहीं पता. मुझे नहीं लगता, लेकिन अगर ऐसा हुआ तो मैं इसे रोक दूंगा. हम ऐसी चीजें नहीं होने दे सकते.
ट्रंप ने अपने इस दावे को एक बार फिर दोहराया कि युद्ध के दौरान सात या उससे ज्यादा लड़ाकू विमान मार गिराए गए. उन्होंने कहा कि मैंने देखा कि वे लड़ रहे थे, फिर मैंने देखा कि सात विमान मार गिराए गए. मैंने कहा कि यह अच्छी बात नहीं है. ये बहुत सारे विमान हैं. आप जानते हैं, 15 करोड़ डॉलर के विमान मार गिराए गए. बहुत सारे. सात, शायद उससे भी ज्यादा. उन्होंने असली संख्या तो बताई ही नहीं. अमेरिकी राष्ट्रपति ने पहले यह संख्या पांच बताई थी और कहा था कि उन्होंने तनाव को रोकने के लिए व्यापार दबाव का इस्तेमाल किया.