सरगुजा: विष्णुदेव साय मंत्रिमंडल विस्तार इस समय चर्चा में है. तीन नए मंत्री बनाए गए. अब कैबिनेट में मंत्रियों की संख्या 14 हो गई है. मंत्रिमंडल विस्तार में खास बात ये है कि तीनों मंत्री साल 2023 का विधानसभा चुनाव जीतकर पहली बार बीजेपी से विधायक बने.
अंबिकापुर विधायक राजेश अग्रवाल को पर्यटन, संस्कृति, धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व मंत्री बनाया गया.
गजेंद्र यादव स्कूल शिक्षा मंत्री और गुरु खुशवंत साहब को कौशल विकास विभाग की जिम्म्मेदारी दी गई.
गुरु खुशवंत साहेब को कौशल विकास विभाग की जिम्मेदारी
नए चेहरों को उतारकर पार्टी की नई पीढ़ी तैयार कर रही भाजपा: राजनीतिक विश्लेषक सुधीर पांडेय ने आगे बताया छत्तीसगढ़ भाजपा में कई ऐसे बड़े और जानेमाने चेहरे थे, जैसे राजेश मूणत, अजय चंद्राकर, अमर अग्रवाल, धरमलाल कौशिक. इनमे से किसी की भी मंत्री बनने की संभावना थी, लेकिन उन्हें सफलता नहीं मिली. ये बदलाव करके भाजपा ने ये मैसेज देने की कोशिश की है कि अब वो छत्तीसगढ़ में मध्यप्रदेश और राजस्थान के समान चेहरे बदलेंगे. चेहरा बदलकर अगली पीढ़ी तैयार करेंगे.
गजेंद्र यादव को इसलिए बनाया गया मंत्री: सुधीर पांडेय कहते हैं “अगर हम जिला वार समीक्षा करें तो ये साफ साफ संकेत है कि अजय चंद्राकर को मंत्री पद नहीं देना था इसलिए दुर्ग से पूर्व मंत्री के बेटे गजेंद्र यादव को स्थान दिया गया.
गुरु खुशवंत साहेब को इसलिए दिया मंत्री पद: गुरु खुशवंत साहेब सतनामी समाज का नेतृत्व करते हैं. युवा और नई पीढ़ी को अपने साथ लेकर चल रहे हैं. इससे माना जा रहा है कि तनामी समाज और युवा वोटर जो बसपा या भीम आर्मी की तरफ जा रहे है उनको रोकने के लिए ये प्रयास किया जा रहा है.
राजेश अग्रवाल को मंत्री बनाने के पीछे ये समीकरण: वरिष्ठ पत्रकार और राजनीतिक विश्लेषक सुधीर पांडेय बताते हैं ” पहली समीकरण ये है कि राजेश अग्रवाल ने अंबिकापुर में पूर्व डिप्टी सीएम टीएस सिंहदेव को जब से चुनाव में हराया है तब से उन्हें मंत्री बनाने की मांग उठ रही थी. इसके साथ साथ सरगुजा में शक्ति संतुलन के लिए भी उनको मंत्री बनाया गया है.